Tag: भोजपुरी साहित्य

Browse our exclusive articles!

Now Is the Time to Think About Your Small-Business Success

Find people with high expectations and a low tolerance...

कलम, स्वर और संघर्ष के संगम हैं भोजपुरी के धुरंधर डॉ. गोपाल ठाकुर

Bhojpuri24.com की ‘भोजपुरी धुरंधर’ श्रृंखला में आज पढ़िए उस व्यक्तित्व की कहानी, जिसने भोजपुरी को किताबों, गीतों, शोध संस्थानों और संविधान तक पहुंचाने का...

भोजपुरी साहित्य के हर विधा के सजग प्रहरी हैं कनक किशोर

Bhojpuri24.com की ‘भोजपुरी धुरंधर’ श्रृंखला में आज पढ़िए कनक किशोर के बारे में। 'रामकहानी आपन-आपन' जैसे ऐतिहासिक आत्मकथा-संकलन से लेकर 'जोहार भोजपुरिया माटी' के...

अवध किशोर ‘अवधू’ की कविताओं में धड़कती है भोजपुरी आत्मा

Bhojpuri24.com की ‘भोजपुरी धुरंधर’ श्रृंखला में आज पढ़िए अवध किशोर 'अवधू' की कहानी। 'अन्हार में दीया' जैसे काव्य संग्रह से लेकर आकाशवाणी, दूरदर्शन और...

1728 की ‘बारह मासी’ से शुरू हुई थी भोजपुरी साहित्य की शुरुआती लिखित परंपरा

पटना/गोरखपुर: भोजपुरी भाषा का साहित्यिक इतिहास अत्यंत समृद्ध और पुराना माना जाता है, लेकिन इसका लिखित रूप लंबे समय तक लोकगीतों, मौखिक परंपराओं और जनजीवन...

भोजपुरी साहित्य के संत रामनाथ पांडेय ‘बिंदिया’ से ‘महेन्दर मिसिर’ तक एक युगपुरुष की रचनात्मक यात्रा

भोजपुरी साहित्य के इतिहास में कुछ ऐसे नाम हैं जिन्होंने इस भाषा को केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं रहने दिया, बल्कि उसे साहित्यिक गरिमा...

Popular

चोला में भोला मिलते, शिवमय भइल संसार: कनक किशोर

चतुर्मास विशेष आज बात बतकही में केहू सावन में त...

लोकजीवन के कवि डॉ. कमलेश राय, जिन्होंने भोजपुरी को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाया

Bhojpuri24.com की विशेष श्रृंखला ‘भोजपुरी धुरंधर’ में आज परिचय...

लोकगीतों को राष्ट्रीय पहचान दिलाने वाली बिहार कोकिला विंध्यवासिनी देवी

पल्लवी कश्यप की रिपोर्ट Bhojpuri24.com की ‘भोजपुरी पुरोधा’ श्रृंखला...

वह विद्वान जिसने भोजपुरी को शोध और विमर्श के केंद्र में स्थापित किया

Bhojpuri24.com की विशेष श्रृंखला ‘भोजपुरी धुरंधर’ में आज परिचय...

Subscribe

spot_imgspot_img