समीक्षक : डॉ. दिनेश प्रसाद सिन्हा
भोजपुरी कविता का संसार अपनी लोक-स्मृति, जीवनानुभव, सहज कथन-शैली और मिट्टी से जुड़े सरोकारों के कारण विशिष्ट पहचान रखता...
राजेश भोजपुरिया, जमशेदपुर
वरिष्ठ साहित्यकार एवं पूर्व पत्रकार दिनेश्वर प्रसाद सिंह ‘दिनेश’ द्वारा रचित गीत ‘डुबि गइल गाँव-घर-बधार’ बाढ़ की विभीषिका और उससे तबाह होते...
समीक्षक : डॉ. सुनील कुमार पाठक
साहित्यिक पत्रिकाओं के लगातार बंद होते दौर में किसी पुरानी पत्रिका का पुनर्प्रकाशन भोजपुरी साहित्य-जगत के लिए निश्चय ही...