अगस्त क्रांति दिवस पर भोजपुरी समाज ने काशी में किया शंखनाद

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भोजपुरी को संवैधानिक मान्यता देने के लिए संसद में विधेयक लाने की मांग

वाराणसी। अगस्त क्रांति दिवस के अवसर पर रविवार को प्रगतिशील भोजपुरी समाज के तत्वावधान में चांदमारी स्थित एमपी रसोई, अंबेडकर स्टेडियम के निकट संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजसेवी काशीनाथ यादव ने की। इस दौरान भोजपुरी भाषा को संवैधानिक मान्यता दिलाने की मांग को लेकर केंद्र सरकार और भोजपुरी क्षेत्र के सांसदों से लोकसभा में आवाज उठाने का आह्वान किया गया।

संगोष्ठी को संबोधित करते हुए प्रगतिशील भोजपुरी समाज के केंद्रीय अध्यक्ष डा. जनार्दन सिंह ने कहा कि 9 अगस्त का दिन भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन में ऐतिहासिक महत्व रखता है। इसी दिन महात्मा गांधी ने अंग्रेजों के खिलाफ ‘भारत छोड़ो’ आंदोलन का आह्वान किया था। उन्होंने कहा कि आज काशी की धरती से भोजपुरी समाज केंद्र सरकार से मांग करता है कि भोजपुरी भाषा को संवैधानिक मान्यता देने के लिए लोकसभा में विधेयक लाया जाए।

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उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भोजपुरी को संवैधानिक मान्यता देने की दिशा में तत्काल पहल करने तथा भोजपुरी भाषी क्षेत्रों के सभी सांसदों से अपनी मातृभाषा के सम्मान के लिए लोकसभा में एकजुट होकर आवाज उठाने की अपील की।

आरा से आए भोजपुरी फिल्म अभिनेता रामेश्वर भोजपुरी ने भोजपुरी भाषा और सिनेमा में बढ़ती अश्लीलता पर चिंता जताई। उन्होंने प्रदेश और केंद्र सरकार से भोजपुरी में फैल रही अश्लील सामग्री पर तत्काल प्रभावी रोक लगाने की मांग की।

प्राऊटिस्ट सर्व समाज के राष्ट्रीय महासचिव ध्रुव नारायण प्रसाद ने कहा कि प्रगतिशील भोजपुरी समाज भोजपुरी क्षेत्र के किसान, मजदूर और छात्रों की समस्याओं को लेकर गांव-गांव में संघर्ष करेगा।

आंदोलन सचिव कैलाश सिंह ने केंद्र सरकार पर भोजपुरी की मांगों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि अब जनआंदोलन ही एकमात्र विकल्प है। वहीं संगठन के महासचिव डा. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि प्रगतिशील भोजपुरी समाज का ग्राम स्तर तक विस्तार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि संगठन अब जनता की समस्याओं को लेकर सीधे जनता के बीच जाएगा।

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संगोष्ठी को संतराम चौधरी, श्रीनिवास सिंह, विकास सिंह, अनिल कुशवाहा, गोरख पटेल, रामउजागर सिंह, डा. राजेश सिंह, रमाशंकर सिंह, राजधनी सिंह, श्रीप्रकाश सिंह, अजय कुमार और प्रभुनाथ पाण्डेय सहित अन्य लोगों ने संबोधित किया।

कार्यक्रम के अंत में प्रगतिशील भोजपुरी समाज के दिवंगत समर्पित कार्यकर्ताओं राजीव कुमार सिंह (वाराणसी), प्यारे लाल शर्मा (वाराणसी), रामौतार प्रसाद (वाराणसी) और नेबूलाल (बस्ती) की आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा गया और ईश्वर से उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई।

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