Bhojpuri24 team

292 POSTS

Exclusive articles:

‘गंगा रतन बिदेसी’ भोजपुरी उपन्यास में प्रवासी जीवन की पीड़ा

समीक्षक: प्रकाश प्रियांशु भोजपुरी साहित्य धारा में उपन्यास विधा अपेक्षाकृत नई है, लेकिन इसमें जीवन के गहरे अनुभवों को प्रस्तुत करने की क्षमता अद्भुत रही...

‘भोजपुरी के मान्यता देईं, ए सरकार’ : भाषा-अस्मिता, लोकचेतना और जनआंदोलन का काव्यात्मक दस्तावेज

समीक्षक : डॉ. दिनेश प्रसाद सिन्हा भोजपुरी की मान्यता की मांग को कविता का जनस्वर बनाता संग्रह भोजपुरी भाषा की संवैधानिक मान्यता का सवाल केवल भाषा...

कुछ अश्लील गीत सुनकर भोजपुरी को नहीं जान सकते, उसका साहित्य भी पढ़िए

डॉ. गुरु चरण सिंह, पूर्व महामंत्री, अखिल भारतीय भोजपुरी साहित्य सम्मेलन, संप्रति उपाध्यक्ष, विश्व भोजपुरी सम्मेलन, दिल्ली 1880 के दशक से छपती किताबों से लेकर...

भोजपुरी में पढ़ाई जाएंगी कबीर की उलटबांसियां, नए सिलेबस में कबीर से पत्रकारिता तक

पटना। बिहार के विश्वविद्यालयों में भोजपुरी से स्नातक करने वाले विद्यार्थियों के लिए नए सत्र से पाठ्यक्रम में महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। अब...

भोजपुरी को कटघरे में खड़ा करने वाले अश्लीलता भाषा में है या नजर में?

प्रभात जी का यह कोई नया कथन नहीं है। अपनी बज्जिका का भाग्य जगाने के चक्कर में वे भोजपुरी को अपना सबसे बड़ा दुश्मन...

Breaking

‘हम मेहररुए नू हईं’: स्त्री की पीड़ा, प्रतिरोध और भीतर छिपल आग के सशक्त स्वर

समीक्षक- राजेश भोजपुरियाचर्चित कवयित्री आ लेखिका डॉ. संध्या सिन्हा के...

भाषाओं की भीड़ में भोजपुरी ही क्यों बाहर? करोड़ों की जुबान के सवाल पर सरकार मौन

भारत की भाषाई विविधता दुनिया में अपनी अलग पहचान...

‘ककहरा’ भोजपुरी काव्य की समकालीन समझ का सार्थक प्रयास

समीक्षक: डॉ० दिनेश प्रसाद सिन्हा भोजपुरी अपनी वाचिक परंपरा, लोकधर्मी...

‘बार के दीअरी दहा दिहिला’, भोजपुरी गजल आ गीत में माटी के महक के अनमोल संग्रह

समीक्षक: राजेश भोजपुरिया भोजपुरी साहित्य में गजल आ गीत के...
spot_imgspot_img