भोजपुरी सिनेमा के सुपरस्टार और सांसद रवि किशन इन दिनों अपने करियर के शानदार दौर में हैं। ‘लापता लेडीज’ और ‘मामला लीगल है’ जैसी फिल्मों और वेब सीरीज में दमदार अभिनय के बाद अब उनका अगला लक्ष्य भोजपुरी फिल्मों को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाना है। रवि किशन ने कहा कि वे ऐसी स्क्रिप्ट की तलाश में हैं, जो भोजपुरी सिनेमा को नेशनल अवॉर्ड दिला सके।
बॉलीवुड में संघर्ष के बाद भोजपुरी में बनाई पहचान
रवि किशन ने बताया कि एक समय ऐसा भी था जब बॉलीवुड में उन्हें मन मुताबिक काम नहीं मिल रहा था। इसके बाद उन्होंने भोजपुरी इंडस्ट्री का रुख किया और यहां अपनी अलग पहचान बनाई। धीरे-धीरे वे भोजपुरी फिल्मों के सबसे बड़े सितारों में शामिल हो गए।
अच्छी कहानी ही बदल सकती है इंडस्ट्री
रवि किशन का मानना है कि भोजपुरी सिनेमा को फिर से ऊंचाई पर पहुंचाने के लिए मजबूत कहानी और साफ-सुथरे कंटेंट की जरूरत है। उन्होंने पहले भी भोजपुरी फिल्मों में बढ़ती अश्लीलता पर चिंता जताई थी और कहा था कि इंडस्ट्री को बेहतर लेखन और नए विजन की आवश्यकता है।
भोजपुरी सिनेमा को राष्ट्रीय पहचान दिलाने का सपना
रवि किशन ने कहा कि भोजपुरी भाषा और सिनेमा की अपनी समृद्ध विरासत है। वे चाहते हैं कि ऐसी फिल्म बने जिसे सिर्फ दर्शक ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी सम्मान मिले। उन्होंने यह भी कहा कि कंटेंट आधारित फिल्में ही भारतीय सिनेमा का भविष्य तय करेंगी।

